तेरी मुस्कान है अजोड जग में नहीं, इसका तोड़ दूध, मिठाई, ,नए नए पकवान फल, मीठे और रसीले, अब मै किसे खिलाऊं , चाव भरी, अपने हाथों से मैं अब मीठी नींद किसे सुलाऊं अब कौन बाल पकडे ...कौन अब मुहं मुँह नोचे किसे बुलाऊं प्यारा रमैया ....सोन चिरैया .Really I miss U